
स्वतंत्रता दिवस पर देश आज अपना 80वां जश्न मना रहा है। इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने लाल किले के प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज फहराया। उसके बाद पीएम मोदी ने देश को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कहा, कोई भी राष्ट्र तब महान बनता है, जब अपनी सिद्धियों को प्राप्त करता है। जब अपने सपनों, अपने संकल्पों और अपने सामर्थ्य के दम पर आगे बढ़ता है। बड़े सपने हमारी सोच को भी विस्तार देते हैं।’
उन्होंने आगे कहा, देश अब छोटे सपनों से चलने वाला नहीं है। बड़े सपने हमारी सोच को विस्तार देते हैं। इसके साथ ही उन्होंने 2047 तक विकसित भारत बनाने के लक्ष्य पर बात की। पीएम मोदी ने कहा कि देश अब विकास की राह पर चल पड़ा है और इस बदलाव को पूरी दुनिया देख रही है। पीएम मोदी ने कहा, आज भारत ने भी एक बहुत बड़ा सपना देखा है, दृढ़ संकल्प के साथ देखा है, नई ऊंचाइयों को छूने के लिए देखा है, और वह सपना है, जब आजादी के 100 साल होंगे। 2047 में हम विकसित भारत बना के रहेंगे। 140 करोड़ देशवासियों के पुरुषार्थ से, इस लक्ष्य को हमें हासिल करना है और जब दुनिया की सबसे बड़ी आबादी वाला देश विकसित होने का संकल्प लेता है, तो यह दुनिया की नजरों में भी हमारे साहस का परिचायक बन जाता है।
25 करोड़ देशवासी, गरीबी को परास्त करके गरीबी से बाहर निकले हैं: PM मोदी
दुनिया हमारी तरफ देखने का नजरिया बदलने के लिए मजबूर हो जाती है। और मैं ऐसे ही नहीं कह रहा हूं। पिछले 12 वर्ष में देश के कोटि-कोटि नागरिकों ने दलित हो, पीड़ित हो, वंचित हो, आदिवासी हो, गांव में रहने वाला हो, शहर में रहने वाला हो, गरीब हो, मध्यम वर्ग का हो, युवा हो, बुजुर्ग हो, नारी हो, पुरुष हो, उत्तर हो, दक्षिण हो, पूरब हो, पश्चिम हो, हर किसी ने पिछले 12 साल में एक संकल्प के साथ, समर्पण के साथ, देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में हर प्रकार से प्रयास किया है।
मैं उनके इन प्रयासों का आदरपूर्वक स्वीकार करता हूं और उसी का परिणाम है, कि इतने कितने कम समय में 25 करोड़ देशवासी, गरीबी को परास्त करके गरीबी से बाहर निकले हैं। इन्हीं देशवासियों के प्रयास का परिणाम है कि हम कभी फ्रेजाइल फाइव में गिने जाते थे। 12 साल के भीतर-भीतर हम एक मेजर इकोनॉमी में फास्टेस्ट ग्रोइंग इकोनॉमी बन गए हैं।