
Bharat Tiwari Encounter: बिहार के भोजपुर जिले में कथित पुलिस एनकाउंटर में मारे गए भरत भूषण तिवारी मामला सम्राट चौधरी के लिए गले का फांस बन चुका है। 28 साल के युवक के एनकाउंटर को लेकर बिहार पुलिस भी सवालों के घेरे में हैं। वहीं, कुछ दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने भारत भूषण तिवारी के पुलिस एनकाउंटर की CBI जांच की मांग वाली जनहित याचिका (PIL) को स्वीकार करने से इनकार कर दिया है।
जब से कथित पुलिस एनकाउंटर यह मामला सामने आया है, तब से भरत भूषण तिवारी के घर कई बड़े नेता भी पहुंच चुके हैं। वहीं, इस मामले को लेकर विपक्षी पार्टियां भी मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सरकार पर महलावर हो गई हैं। इस बीच इस मामले में पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव का बड़ा बयान आया है।
20 साल नाटक-कलाकारी कर लिए, कभी न्याय…,-पप्पू यादव
पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव से जब यह सवाल पूछा गया कि कुछ दिन पहले ही बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी भरत भूषण तिवारी के घर गए हैं? इसका जवाब देते हुए उन्होंने कहा ‘भैया नाटक करने से क्या फायदा, कहे का कलाकारी कर रहे हैं, 20 साल नाटक-कलाकारी कर लिए और कभी न्याय नहीं मिली। बिहार की स्थिति अच्छी नहीं है। सभी को राजनीति करनी है।’
1 करोड़ रुपए दिला दीजिए, दूध का दूध और पानी…,-पप्पू यादव
एक अन्य सवाल का जवाब देते हुए पप्पू यादव ने कहा ‘इस घटना से ब्राह्मण समाज के लोग आहत हो गए हैं, क्योंकि पिछड़ा जाति पहले ही बहुत आतंक कर दिया है।’ आगे वो कहते हैं कि इतना ही डर सता रहा है, तो CBI जांच करा दीजिए और 1 करोड़ रुपए दिला दीजिए और जो टास्क फोर्स वहां जाकर उसे मारा, उनके खिलाफ 302 मुकदमा दर्ज करा दो। CBI जांच करने की हैसियत ही नहीं है नहीं, तो दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
एक वीडियो से इस मामले में मचा हड़कंप
गौरतलब है कि 17 जून को हुई मुठभेड़ में तिवारी गोली लगने से घायल हुए और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मामले में सबसे बड़ा विवाद एक वीडियो को लेकर हुआ, जब एनकाउंटर से ठीक पहले का वीडियो देखा गया कि तिवारी खुली जगह पर खड़े होकर कैमरे से बात कर रहे थे और पुलिस की ओर पिस्तौल फेंक रहे थे। परिवार और स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस ने निहत्थे और समर्पण कर चुके व्यक्ति पर गोली चलाई।