
Ajit Pawar plane crash case: 28 जनवरी को महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार का विमान महाराष्ट्र के बारामती में लैंड करने की कोशिश कर रहा था, तभी प्लेन क्रैश हो गया। इस विमान में सवार अजित पवार के अलावा सभी पांच लोगों की मौत हो गई थी।
अब NCP-SCP (शरद पवार गुट) के नेता और विधायक रोहित पवार ने अजित पवार से जुड़े कथित ‘प्लेन क्रैश’ मामले में कर्नाटक के बेंगलुरु में जीरो एफआईआर (Zero FIR) दर्ज कराई है। यह एफआईआर अब आगे की कार्रवाई के लिए महाराष्ट्र पुलिस को ट्रांसफर कर दी गई है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब महाराष्ट्र सरकार इस मामले में उनकी मांगों के अनुरूप कार्रवाई करेगी और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
FIR मुंबई, पुणे या बारामती में दर्ज नहीं की गई-रोहित पवार
अजित पवार से जुड़े कथित ‘प्लेन क्रैश’ मामले में NCP-SCP नेता रोहित पवार ने कहा ‘अजित पवार पिछले 40 सालों से जनता की सेवा कर रहे थे। किसी हादसे या साज़िश के बाद उनकी मौत हो गई। इस मामले की जांच के लिए FIR ज़रूरी है, लेकिन दुर्भाग्यवश से, हमारी ज़ीरो FIR मुंबई, पुणे या बारामती में फ़ाइल नहीं की गई। हमने कर्नाटक में FIR की, और यह उस राज्य के DG के ज़रिए महाराष्ट्र के DG तक पहुंची। अब, हमें देखना होगा कि यह सरकार इस बारे में क्या करती है।’
रोहित पवार ने पुलिस पर लगाए आरोप
अजित पवार प्लेन क्रैश मामले में जीरो एफआईआर को लेकर रोहित पवार ने पुलिस पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। रोहित पवार का आरोप है कि उन्होंने पहले मुंबई और बारामती में एफआईआर (FIR) दर्ज कराने की कोशिश की, लेकिन वहां पुलिस ने मामला दर्ज नहीं किया। उन्होंने कहा कि इसके बाद उन्होंने राहुल गांधी से मुलाकात की।
राहुल गांधी से मिलने के बाद FIR दर्ज कराई
रोहित पवार के मुताबिक, राहुल गांधी ने सलाह दी कि जिस राज्य में न्याय मिलने की संभावना हो, वहां एफआईआर दर्ज करानी चाहिए। इसी के आधार पर उन्होंने कर्नाटक में जीरो एफआईआर दर्ज कराई। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब महाराष्ट्र सरकार इस मामले में उनकी मांगों के अनुरूप कार्रवाई करेगी और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी।
ब्लैक बॉक्स के बारे में रोहित पवार ने क्या कहा?
अजित पवार प्लेन क्रैश को लेकर कुछ दिन पहले रोहित पवार ने ब्लैक बॉक्स (Black Box) डेटा से छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। रोहित पवार ने इस मामले में पारदर्शी जांच करने के साथ जिम्मेदार लोगों पर सख्त एक्शन लेने की मांग भी की थी।