
Sidhu Moose Wala Murder Case: सुप्रीम कोर्ट ने पंजाबी गायक और पूर्व कांग्रेस नेता सिद्धू मूसेवाला की हत्या से जुड़े मामले में दो आरोपियों पवन बिश्नोई और जगतार सिंह को जमानत दे दी है। यह फैसला गुरुवार को आया, जिसमें कोर्ट ने आरोपियों की लंबी हिरासत की अवधि और मुकदमे की प्रगति को ध्यान में रखते हुए यह राहत दी।
जगतार सिंह पर सिद्धू मूसेवाला के घर की रेकी में मदद करने और पवन बिश्नोई पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग का हिस्सा होने का आरोप है। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने पवन बिश्नोई और जगतर सिंह को उनकी उन याचिकाओं पर जमानत दे दी, जिनमें उन्होंने पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के 1 अगस्त, 2025 के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें उनकी जमानत याचिकाएं खारिज कर दी गई थीं।
पवन बिश्नोई और जगतार सिंह पर हत्या में भूमिका का आरोप था, लेकिन सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने उनकी जमानत याचिका मंजूर कर ली। इस फैसले से दोनों आरोपी हिरासत से रिहा हो सकेंगे, जबकि मुकदमा पंजाब की अदालतों में चलता रहेगा।
सिद्धू मूसेवाला की हत्या 29 मई 2022 को पंजाब के मंसा जिले के जवाहरके गांव में हुई थी। वे अपनी कार से अकेले जा रहे थे, जब हमलावरों ने उनकी कार को रोककर अंधाधुंध फायरिंग की। हमले में छह शूटर शामिल थे और घटनास्थल पर ही सिद्धू की मौत हो गई।
विक्की मिड्डूखेड़ा की हत्या का बदला
पुलिस जांच में यह हत्या लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ी बताई गई। इसे 2021 में अकाली नेता विक्की मिड्डूखेड़ा की हत्या का बदला बताया गया। पुलिस ने 1,850 पेज की चार्जशीट दाखिल की, जिसमें 24 से अधिक आरोपी नामित किए गए। बाद में 27 आरोपियों के खिलाफ चार्ज फ्रेम किए गए। मुख्य साजिशकर्ताओं में लॉरेंस बिश्नोई, गोल्डी बराड़ और जग्गू भगवानपुरिया शामिल हैं। कई आरोपी अभी भी फरार हैं।