
दिल्ली में LPG संकट | Image:
ANI/ Representative
Delhi LPG Crisis: दिल्ली में एलपीजी (LPG) संकट गहराता जा रहा है। पश्चिम एशिया में ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच चल रहे संघर्ष के कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सप्लाई बाधित हो गई है, जिससे भारत में एलपीजी की उपलब्धता पर असर पड़ा है।
दिल्ली समेत कई शहरों में कमर्शियल सिलेंडर की किल्लत बढ़ गई है, ऐसे में गैस एजेंसियों पर लंबी कतारें लग रही हैं और होटल-रेस्टोरेंट कारोबारी परेशान हैं। दरअसल, वैश्विक तेल संकट के चलते भारत में एलपीजी आयात प्रभावित हुआ है। यह स्थिति बेंगलुरु से शुरू हुई लेकिन अब दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे बड़े शहरों से भी यही खबरें सामने आ रही है।
घरेलू सिलेंडर पर 25 दिनों का बुकिंग अंतराल लागू
घरेलू सिलेंडर की कीमत 7 मार्च 2026 से दिल्ली में 853 रुपये से बढ़कर 913 रुपये हो गई है, जबकि कमर्शियल 19 किलो सिलेंडर में 115 रुपये की वृद्धि हुई। इससे आम आदमी और मध्यम वर्ग पर बोझ बढ़ा है।पेट्रोलियम मंत्रालय ने आपातकालीन शक्तियों का इस्तेमाल कर रिफाइनरियों को एलपीजी उत्पादन 10% बढ़ाने के आदेश दिए हैं। घरेलू इस्तेमाल को प्राथमिकता देते हुए 25 दिनों का अनिवार्य बुकिंग अंतराल लागू किया गया है, ताकि जमाखोरी रोकी जा सके। वहीं एलपीजी को अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों जैसे जरूरी क्षेत्रों में प्राथमिकता दी जा रही है।
BJP और कांग्रेस के नेताओं ने क्या कहा?
बीजेपी सांसद मनन कुमार मिश्रा ने कहा- ‘ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच संघर्ष से वैश्विक तेल संकट गहरा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार लोगों को परेशानी न हो, इसके लिए प्रयास कर रही है।” वहीं, एविएशन विशेषज्ञ सुभाष गोयल ने बताया- ‘यह समस्या डिस्ट्रीब्यूशन की हो सकती है, सरकार के पास दो साल का स्टोरेज है। लेकिन युद्ध लंबा चला तो असर पड़ेगा।’
संसद सत्र में चर्चा होनी चाहिए- सचिन पायलट
कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि, ‘भारत 83% तेल आयात पर निर्भर है। संसद सत्र में चर्चा होनी चाहिए, सिर्फ बयान काफी नहीं।’ वहीं, समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव का कहना है कि देश में गैस की कीमत लगातार बढ़ रही है और सरकार इसे गंभीरता से नहीं ले रही है। यह सरकार अमेरिका के इशारे पर चल रही है। अमेरिका के कहने पर तेल की खरीद हो रही है। आज जो हालात है उसके लिए बीजेपी जिम्मेदार है।
एजेंसियों पर कतारें लगी
दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई रुकने से होटल एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि अगर 2 दिनों में सप्लाई बहाल न हुई तो 50% रेस्टोरेंट बंद हो सकते हैं। गैस एजेंसियों पर कतारें बढ़ रही हैं, ब्लैक मार्केटिंग की शिकायतें भी आ रही हैं। सरकार का दावा है कि घरेलू उपभोक्ताओं को कोई कमी नहीं होगी, लेकिन कमर्शियल सेक्टर पर असर साफ दिख रहा है। यह संकट वैश्विक घटनाओं का सीधा नतीजा है, लेकिन सरकार के कदमों से स्थिति पर नियंत्रण की उम्मीद है।
मुंबई और बेंगलुरु के बाद दिल्ली में भी कमर्शियल एलपीजी सप्लाई की दिक्कत होने लगी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सेंट्रल दिल्ली की एक एजेंसी ने कहा कि वह रोजाना 300 कमर्शियल सिलेंडर बेचती थी लेकिन पिछले दो दिन से उसने कोई सिलेंडर नहीं बेचा है। इसकी वजह यह है कि उसे आगे से सप्लाई नहीं मिली है। सामान्य दिनों में ऐसा नहीं होता है।