
नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में शुक्रवार, 20 फरवरी को भारत और US के बीच ‘पैक्स सिलिका’ घोषणापत्र पर हस्ताक्षर हुए। दोनों देशों ने साइनिंग सेरेमनी के दौरान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, जरूरी टेक्नोलॉजी और इकोनॉमिक सिक्योरिटी में सहयोग के एक नए दौर को दिखाते हुए पैक्स सिलिका डिक्लेरेशन पर साइन किए। इस मौके पर गूगल और अल्फाबेट के CEO, सुंदर पिचाई ने कहा कि गूगल को भारत-अमरीका के बीच एक संपर्क बिंदु के रूप में काम करने पर गर्व है।
भारत और US के बीच पैक्स सिलिका डिक्लेरेशन के साइनिंग सेरेमनी में सुंदर पिचाई ने कहा, “समावेशी और परिवर्तनकारी एआई के भविष्य को आकार देने में भारत-अमेरिका साझेदारी की अहम भूमिका है। दोनों देशों को मिलकर काम करना चाहिए ताकि एआई के लाभ हर जगह और हर किसी तक पहुंच सकें।” उन्होंने भारत की तकनीकी प्रगति पर मजबूत विश्वास जताते हुए कहा कि देश एआई के क्षेत्र में असाधारण प्रगति के लिए तैयार है।
US-भारत टेक पार्टनरशिप के लिए एक मजबूत नींव रखेगा-सुंदर पिचाई
अपने संबोधन में सुंदर पिचाई ने आगे कहा , “पैक्स सिलिका यह पक्का करने पर फोकस करता है कि सप्लाई चेन सुरक्षित हो और आवश्यक प्रौद्योगिकी में ज़्यादा वाणिज्यिक साझेदारी को बढ़ावा देता है। इसलिए मैं इस ऐतिहासिक पल पर US और भारत को बधाई देता हूं। हाल के ट्रेड एग्रीमेंट के साथ, यह आने वाले कई सालों तक एक मजबूत US-भारत टेक पार्टनरशिप के लिए एक मजबूत नींव रखेगा।”
भारत और US के बीच पैक्स सिलिका डिक्लेरेशन पर हस्ताक्षर
पैक्स सिलिका के बारे में बताते हुए गूगल सीईओ ने कहा कि यह पहल आपूर्ति श्रृंखलाओं को सुरक्षित और मजबूत बनाने पर केंद्रित है तथा प्रमुख प्रौद्योगिकियों में व्यापक व्यावसायिक साझेदारी को बढ़ावा देती है। उन्होंने जोर दिया कि गूगल उत्पादों, स्केलिंग और बुनियादी ढांचे सहित पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ इस विकास का समर्थन कर रहा है। बता दें कि यह घोषणापत्र दिसंबर 2025 में शुरू हुए अमेरिका-नेतृत्व वाले पैक्स सिलिका गठबंधन का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य एआई, सेमीकंडक्टर और महत्वपूर्ण खनिजों की वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला को सुरक्षित करना है।
तकनीकी और आर्थिक सहयोग को मिलेगी मजबूती
भारत और अमेरिका के बीच पैक्स सिलिका डिक्लेरेशन पर हस्ताक्षर होने के बाद, केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव, US के आर्थिक मामलों के अंडर सेक्रेटरी जैकब हेलबर्ग, भारत में US के राजदूत सर्जियो गोर, MeitY सेक्रेटरी एस कृष्णन और दूसरे अधिकारियों ने एक ग्रुप फोटो के लिए पोज दिया। भारत की इस पहल में शामिल होने से दोनों देशों के बीच तकनीकी और आर्थिक सहयोग को नई मजबूती मिलेगी।