
Jammu-Kashmir news: ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत पर भारत के भी कई शहरों में प्रदर्शन हो रहा है। श्रीनगर में लगातार दूसरे दिन हजारों की संख्या में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की सुरक्षाबलों से भी झड़प हुई। पुलिस ने प्रोटेस्ट कर रहे लोगों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। एहतियात के तौर पर कश्मीर के सभी जिलों में पाबंदियां लगाई गई हैं।
जानकारी के अनुसार श्रीनगर के बटमालू इलाके में सोमवार (2 मार्च) को ब़ड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी झंडे और ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के चित्र लेकर इकट्ठा हुए थे। प्रदर्शनकारियों द्वारा प्रतिबंधों का उल्लंघन करने और पुलिसकर्मियों पर पत्थर फेंकने के बाद विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। इसके बाद सुरक्षाबलों को लाठियों चलाई और आंसू गैस के गोले दागने पड़े। फिलहाल वरिष्ठ अधिकारी स्थिति पर नजर रखने के लिए मौके पर मौजूद थे।
जम्मू-कश्मीर में दो दिन के लिए स्कूल-कॉलेज बंद
बता दें कि घाटी में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के चलते जम्मू-कश्मीर सरकार ने दो दिनों के लिए सभी शिक्षण संस्थान बंद करने का फैसला ले लिया था। घाटी में मंगलवार को भी स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय बंद रहेंगे। वहीं, सोमवार को कश्मीर में मोबाइल इंटरनेट की गति धीमी कर दी गई।
कश्मीर में लगभग 15 लाख शिया रहते हैं। खामेनेई की मौत के बाद लाल चौक, सैदा कदल, बडगाम, बांदीपोरा, अनंतनाग और पुलवामा में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए। प्रदर्शनकारियों को अमेरिका विरोधी और इजराइल विरोधी नारे लगाते हुए और मातम मनाने के तौर पर अपनी छाती पीटते हुए देखा गया। अधिकारियों के मुताबिक प्रदर्शनों के बाद कश्मीर घाटी में सभी मोबाइल नेटवर्क की हाई-स्पीड इंटरनेट की गति धीमी कर दी गई है।
वहीं, श्रीनगर के घंटाघर, लाल चौक के आसपास बैरिकेड्स लगाकर इलाके को सील भी कर दिया गया है। शहर में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई है। कई प्रमुख चौराहों पर कंटीले तार और बैरिकेड्स लगाए गए हैं।