
संसद के बजट सत्र में भारी हंगामा का दौर जारी है। बुधवार को भी लोकसभा में सत्तापक्ष और विपक्ष के सांसदों के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने लोकसभा में केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। राहुल ने बजट, टैरिफ, भारत-अमेरिका ट्रेड डील समेत कई मुद्दे पर सरकार को घेरा। राहुल के आरोपों पर पलटवार करते हुए केंद्रीय संसदीय मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि ‘नेता प्रतिपक्ष ने सदन को गुमराह करने के लिए सरकार पर बेबुनियाद आरोप लगाए हैं। हम राहुल गांधी के खिलाफ प्रिविलेज नोटिस फाइल करने जा रहे हैं’।
लोकसभा में बोलते हुए नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भारत और अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि मैं कह रहा हूं कि आपने भारत बेच दिया है। क्या आपको भारत बेचने में शर्म नहीं आती? आपने हमारी मां, भारत माता को बेच दिया है। वहीं, राहुल ने सरकार पर देश के किसानों को गुमराह का आरोप लगाते हुए कहा कि इस ट्रेड डील में केंद्र ने गरीब किसानों को कुचलने का रास्ता खोल दिया है। अब राहुल के आरोपों पर किरेन रिजिजू का पलटवार आया है।
बेबुनियाद बयान देकर सदन को गुमराह किया-किरेन रिजिजू
केंद्रीय संसदीय मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, “हम सदन को गुमराह करने और बेबुनियाद बयान देने के लिए राहुल गांधी के खिलाफ प्रिविलेज नोटिस फाइल करने जा रहे हैं। लोकसभा और राज्यसभा में प्रोसीजर और कंडक्ट ऑफ बिजनेस के बहुत साफ नियम हैं। जब कोई सदस्य दूसरे सदस्य पर गंभीर आरोप लगाना चाहता है, तो आपको नोटिस देना होगा और आरोप को साबित भी करना होगा। मैंने रिक्वेस्ट की है कि राहुल गांधी को सदन में बुलाया जाए ताकि वे अपनी बातों को साबित कर सकें। राहुल गांधी ने सरकार और प्रधानमंत्री पर बेकार और झूठे आरोप लगाए हैं, यह कहते हुए कि प्रधानमंत्री ने भारत और भारतीय हितों को बेच दिया है। किस आधार पर? उन्होंने बिना कोई नोटिस दिए हरदीप सिंह पुरी पर गंभीर आरोप लगाया है।”
सरकार ने अमेरिका के सामने सरेंडर किया-राहुल गांधी
पार्लियामेंट में लोकसभा LoP और कांग्रेस MP राहुल गांधी ने कहा, “यह पूरी तरह से सरेंडर है। यह एक दुखद बात है क्योंकि यह सिर्फ प्रधानमंत्री का सरेंडर नहीं है। उन्होंने 1.5 अरब भारतीयों का भविष्य सरेंडर कर दिया है। उन्होंने भविष्य इसलिए सरेंडर किया है क्योंकि वह BJP के फाइनेंशियल सिस्टम को बचाना चाहते हैं, जिस पर यूनाइटेड स्टेट्स में केस चल रहा है। ”
राहुल के आरोपों पर प्रह्लाद जोशी ने क्या कहा?
केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के बयान पर कहा, “जो नियम हैं, यह नियम हमारे या ओम बिरला के आने के बाद नहीं बने हैं। यह नियम पहले से हैं। यह नियम जब संविधान की रचना हुई तब से है। उन नियमों के आधार पर अगर वे किसी पर आरोप लगाते हैं तो उन्हें प्रमाणित करना होगा। अगर वे जिसपर आरोप लगा रहे हैं अगर वह सदन का सदस्य है तो उसे नोटिस देना पड़ता है और अगर वह सदन का सदस्य नहीं है तो वे ऐसे आरोप नहीं कर सकते।”
प्रह्लाद जोशी ने आगे कहा, “सिर्फ बोलने से प्रमाणित नहीं होता, इससे संबंधित दस्तावेज़ रखने होते हैं, सबूत रखने होते हैं, सिर्फ बोलने से नहीं होगा। इन्हें प्रमाणिकता, नियम का अर्थ नहीं पता इसलिए कुछ भी बोलते हैं… पहले का इतिहास इन्हें पता नहीं है ये बस आरोप लगाते हैं। जब कोई आसन पर होता है तो वह किसी पार्टी का नहीं होता है। उन्हें संसदीय भाषा का ज्ञान नहीं है… उन्होंने बजट के अलावा सब बोला।”