
BMC New Mayor : मुंबई की बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) में हाल ही में हुए चुनावों के बाद राजनीतिक गहमागहमी तेज हो गई है। 15 जनवरी, 2026 को हुए इन चुनावों में महायुति गठबंधन (BJP + एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना) ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया है। BJP अकेले सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, जिसने 227 सीटों में से 89 सीटें जीतीं, जबकि शिंदे गुट की शिवसेना को 29 सीटें मिलीं। कुल मिलाकर महायुति के पास 118 सीटें हैं, जो बहुमत (114) से अधिक है।
इस जीत के बावजूद मेयर पद को लेकर BJP और शिवसेना (शिंदे गुट) के बीच खींचतान देखने को मिल रही है। सूत्रों के अनुसार 30 जनवरी 2026 को BMC का मेयर चुनाव होने की संभावना है और इस बार मेयर का पद BJP के खाते में जाएगा। BJP ने इस पद पर मजबूत दावा ठोका है, क्योंकि वह सबसे बड़ी पार्टी है और महायुति की अगुवाई कर रही है।
शिंदे गुट को मेयर पद नहीं मिलने की वजह से उनके नेताओं और कार्यकर्ताओं में नाराजगी है। हालांकि, सूत्रों के मुताबिक, शिंदे गुट को स्टैंडिंग कमेटी में जगह दी जा सकती है, जो BMC के महत्वपूर्ण फैसलों में भूमिका निभाती है। लेकिन मेयर की कुर्सी पर BJP का पूरा नियंत्रण रहने की उम्मीद है। BMC में कुल 227 सीट हैं, जिसमें से BJP के पास 89, उद्धव शिवसेना के 65 और शिवसेना-शिंदे के 29 पार्षद है।
चुनाव परिणाम आने के बाद शिंदे गुट ने अपने 29 नवनिर्वाचित पार्षदों को मुंबई के एक लग्जरी होटल में ठहराया। विपक्ष ने इसे ‘होटल पॉलिटिक्स’ करार दिया। महायुति के बहुमत आंकड़े आने के बावजूद ऐसी रणनीति की जरूरत नहीं थी। BJP अपनी ताकत के आधार पर प्रमुख पदों पर दावा कर रही है, जबकि शिंदे गुट अपनी मौजूदगी बनाए रखने की कोशिश में है। 30 जनवरी को होने वाले मेयर चुनाव से मुंबई की सत्ता का नया अध्याय शुरू होगा, जिसमें BJP का मेयर पहली बार BMC की कमान संभाल सकता है।