Newswahni

अधिकारी अंकित शर्मा हत्याकांड में ताहिर हुसैन हुआ दोषी करार तो विधायक अमानतुल्लाह खान ह ुए दुखी बोले अब तो ऊपरी अदालत से…



Amanatullah Khan on Tahir Hussain Conviction: दिल्ली दंगे के दौरान IB अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने ताहिर हुसैन समेत 5 आरोपियों को दोषी करार दिया है। अदालत के इस फैसले पर ओखला से आम आदमी पार्टी के विधायक अमानतुल्लाह खान ने दुख जताया है। उन्होंने ऊपरी अदालत से ताहिर को इंसाफ मिलने की बात भी कही।  

सोमवार (13 जुलाई) को कड़कड़डूमा कोर्ट ने साल, 2020 में हुए दिल्ली दंगे में IB अधिकारी अंकित शर्मा हत्याकांड पर अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को दोषी करार दिया है। मामले में चार और आरोपियों को दोषी करार दिया गया, जबकि 6 अन्य आरोपियों को बरी कर दिया है।

‘ताहिर को ऊपरी अदालत से इंसाफ जरूर मिलेगा’

कोर्ट के इस फैसले पर AAP विधायक अमानतुल्लाह खान ने सोशल मीडिया पर लिखा, “अदालत के जरिए पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन को दिल्ली दंगों में दोषी करार दिए जाने पर बहुत दुखी हूं। अल्लाह उसके घर वालों को सब्र अता करें। हमारा कानून पर पूरा भरोसा है और अल्लाह की जात से उम्मीद है कि ताहिर हुसैन को ऊपरी अदालत से इंसाफ जरूर मिलेगा।”

अमानतुल्लाह खान ने कहा कि यह फैसला सेशंस कोर्ट से आया है। उम्मीद है कि हाई कोर्ट में अपील की जाएगी और वहां से न्याय मिलेगा।

AAP ने ताहिर हुसैन को बचाने की कोशिश की- कपिल मिश्रा

दिल्ली सरकार में कैबिनेट मंत्री और BJP नेता कपिल मिश्रा ने ताहिर हुसैन को दोषी करार जाने के बाद आम आदमी पार्टी और केजरीवाल पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि 2020 के दिल्ली दंगे सुनियोजित साजिश का हिस्सा थे। इनमें हिंदुओं के नरसंहार और पलायन की साजिश रची गई। उन्होंने आरोप लगाया कि AAP ने ताहिर हुसैन को बचाने की कोशिश की।

ताहिर का पार्टी से कोई संबंध नहीं है- AAP

वहीं, कोर्ट के इस फैसले के बाद AAP ने एक बयान जारी किया और कहा था कि 2020 के दिल्ली दंगों के मामले में ताहिर हुसैन के खिलाफ FIR दर्ज होने के कुछ ही घंटों के अंदर 27 फरवरी 2020 को उसे पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से सस्पेंड कर दिया गया था। उसके बाद से उसका आम आदमी पार्टी से कोई संबंध नहीं है। AAP ने यह भी कहा कि ताहिर हुसैन ने दिल्ली विधानसभा चुनाव AIMIM के उम्मीदवार के रूप में लड़ा था। बयान में कहा गया कि ताहिर ने मुस्लिम बहुल मुस्तफाबाद सीट से चुनाव लड़कर मुस्लिम मतों का विभाजन किया, जिससे बीजेपी उम्मीदवार को जीत मिली।

साल 2020 में नागरिक संशोधन कानून (CAA) को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन के बीच दिल्ली में फरवरी में दंगे भड़के थे। 25 फरवरी 2020 को दंगों के बीच 26 साल आईबी अधिकारी अंकित शर्मा लापता हो गए थे। वह चांदबाग इलाके में अपने भाई अंकुर को ढूंढने बाहर निकले थे। अगले दिन एक नाले से उनका शव बरामद हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, दंगाई भीड़ ने अंकित शर्मा पर चाकू और अन्य धारदार हथियारों से 51 बार ताबड़तोड़ वार किए थे। उनके सिर, चेहरे, छाती और पीठ पर गहरे घाव पाए गए थे।



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

🏠
Home
🎬
मनोरंजन
💰
धन
🌦️
मौसम
📢
Latest News
×
Scroll to Top