
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और केंद्रिय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी ने गुरुवार को प्रदेश के बचे हुए पांच जिलाध्यक्षों की घोषणा कर दी है। जिसमें अम्बेडकरनगर, वाराणसी, चंदौली, गोरखपुर महानगर और देवरिया शामिल है।
पार्टी ने दिलीप देव पटेल को अम्बेडकरनगर, राम सकल पटेल को वाराणसी, काशी नाथ सिंह को चंदौली, रमेश प्रसाद गुप्ता को गोरखपुर महानगर एवं काली प्रसाद को देवरिया का जिलाध्यक्ष घोषित किया है।
उत्तर प्रदेश संगठन में कुछ बदलावों के साथ BJP अब जल्द ही अपनी नई टीम घोषित करेगी। BJP की ये नई रणनीति सपा के पीडीए यानी कि पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक फॉर्मूले को मात देने के लिए है। BJP ने इसके जवाब में अपना नया समीकरण तैयार किया है। जिसे पिछड़ा, दलित और अगड़ा नाम दिया गया है। इतना ही नहीं, इस बड़े बदलाव के तहत पार्टी जमीनी स्तर से लेकर शीर्ष तक नए चेहरों को मौका देगी।
पीडीए को ही प्राथमिकता दी जाएगी
बीजेपी की नई टीम के गठन की तैयारी पूरी हो चुकी है। तय रणनीति के तहत पार्टी अपनी क्षेत्रीय इकाइयों और मोर्चों की कमान सौंपने में एक बड़ा संतुलन बनाने जा रही है। इसमें अति पिछड़ा, गैर-यादव पिछड़ा और अगड़ा वर्ग के नेताओं को बराबर का मौका दिया जाएगा। जिससे इस बार संगठन में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। जिसमें लगभग 40-50 प्रतिशत नए चेहरे दिखेंगे। जिससे युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
कई स्तर पर बातचीत के बाद तैयार हुई सूची
इस नई टीम की सूची को अंतिम रूप देने के लिए काफी विचार-विमर्श किया गया है। प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने भाजपा के वरिष्ठ नेताओं, संगठन महासचिव बीएल संतोष और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के पदाधिकारियों के साथ कई दौर की बैठकें कीं। जिसके बाद एक डिटेल रिपोर्ट केंद्रीय नेतृत्व को सौंपी जाएगी। केंद्रीय नेतृत्व ने इस योजना पर अपनी पूरी सहमति जताते हुए नई टीम के गठन के लिए हरी झंडी दे दी है। अब जल्द ही नई टीम का आधिकारिक तौर पर ऐलान किया जाएगा।